Tuesday , December 18 2018

भारत आज लिखेगा ‘कल’ की गाथा, लांच करेगा इसरो का सबसे भारी रॉकेट ‘फैट बॉय’

फैट बॉयचेन्‍नई। नई पीढ़ी के हैवी लॉन्‍च व्‍हीकल जीएसएलवी एमके-III रॉकेट को ‘फैट ब्‍वॉय’ नाम दिया गया है, जिसे भारत आज लांच करेगा। करीब तीन दशकों की कड़ी मेहनत और कुछ असफलताओं के बाद आज इंडियन स्‍पेस रिसर्च ऑर्गनाइजेशन (इसरो) अपना सबसे बड़ा सैटेलाइट लॉन्‍च करने को तैयार है।

200 हाथियों के बराबर वजन

इसरो का रॉकेट फैट ब्‍वॉय अपनी पहली एक्‍सपेरीमेंटल उड़ान पर रवाना होगा। इस रॉकेट के जरिए 3,136 किलोग्राम के कम्‍यूनिकेशन सैटेलाइट जीसैट-19 को अंतरिक्ष की कक्षा में भेजा जाएगा। इस रॉकेट के तीन प्रपोल्‍शन, सॉलिड एस200, लिक्विड एल110 कोर स्‍टेज और सबसे ताकतवर क्रायोजनिक अपर स्‍टेज को भारत में ही विकसित किया गया है।

फैट ब्‍वॉय के लॉन्‍च के साथ ही देश में ही भारी रॉकेट को विकसित करने वाली इसरो की क्षमता को भी आज टेस्‍ट होगा। यह रॉकेट चार टन के कम्‍यूनिकेशन सैटेलाइट को उच्‍च कक्षा में ले जाने में सक्षम होगा। इस रॉकेट का वजन पूर्ण विकसित 200 हाथियों के बराबर होगा। यह सैटेलाइट देश भर में डाटा कनेक्टिविटी को बेहतर बनाएगा।

फैट ब्‍वॉय काउंटडाउन शुरू

रविवार को श्रीहरिकोटा से इस सैटेलाइट की लॉन्चिंग का काउंटडाउन दोपहर 3:58 मिनट पर शुरू हुआ। इस रॉकेट को सोमवार को श्रीहरिकोटा के सतीश धवन स्‍पेस सेंटर से शाम 5:28 मिनट पर लॉन्‍च किया जाएगा। तिरुवनंतपुरम स्थित विक्रम साराभाई स्‍पेस सेंटर के के सिवान ने बताया कि काउंटडाउन की सारी गतिविधियां ठीक तरीके से हो रही हैं।

यह पूरी तरह से नया लॉन्‍च व्‍हीकल है इसलिए नए सिस्‍टम से जुड़ी चुनौतियां और जटिलताएं भी होंगी। ऐसे में यह हम सबके लिए एक चुनौतीपूर्ण मिशन बन गया है। 16 मिनट की उड़ान के बाद रॉकेट जीसैट-19 को इसकी तय कक्षा में रख देगा।